एसटीईएम व रोबोटिक्स क्षेत्र में भविष्य
Books / 29/ 1 month ago

एसटीईएम व रोबोटिक्स क्षेत्र में भविष्य

आज की तकनीक से संचालित दुनिया में, बच्चों के लिए टेक्नोलॉजी इनोवेशन से लैस रहना आवश्यक है। स्टेम (STEM) एजुकेशन को साइंस, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग एवं मैथ्स के लिए जाना जाता है। इसमें सीखने और समझने के लिए बहुत कुछ है, इसीलिए संपूर्ण स्टेम शिक्षा को सूचना और ज्ञान का एक महासागर माना गया है। छात्रों को उनके स्कूलों में एसटीईएम, रोबोटिक्स, एआई और मशीन लर्निंग से अवगत कराया जाता है ताकि उनमें विषय की बेहतर समझ विकसित हो सके।
सरकार ने शिक्षा में रोबोटिक्स के महत्व को पहचाना है और ऐसे कानून और कार्यक्रम बनाए हैं जिन्हें उन्नत शिक्षा प्रणाली में शामिल किया जा रहा है। यह विशेष पहल न केवल छात्रों को रोबोटिक्स की मूल बातें सिखाएगी, बल्कि उनके लिए रोमांचक अवसरों की एक नई दुनिया भी खोलेगी। ऐसा माना जाता है कि कम उम्र में एसटीईएम शिक्षा छात्रों में कौशल का संचार करती है और उन्हें विषय की गंभीरता को देखते हुए विचार करने, अस्वीकृति के प्रति लचीला होने और सफल होने तक समस्या निवारण करना सिखाती है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि यह उन्हें समाधान-उन्मुख होने में मदद करती है और स्कूली शिक्षाविदों, भविष्य में उत्पन्न होने वाले काम के बीच एक संबंध स्थापित करता है और इसे वैश्विक संदर्भ में रखता है। जब कुछ नया सीखने की बात आती है, तो बच्चे हमेशा स्मार्ट और सहज होते हैं।
  वे उन चीजों को देख सकते हैं, जिन्हें हम वयस्कों को कभी-कभी समझने में परेशानी होती है। जैसे-जैसे बच्चे तल्लीन होते जाते हैं, वे सहजता से नई चीजें सीखने लगते हैं। इसके अलावा, यदि सीखना एक मजेदार तरीके से है, तो वे यह सीखते हैं कि परियोजनाओं की योजना कैसे बनाई जाए और उन्हें सबसे अच्छे तरीके से कैसे पूरा किया जाए।

शिक्षा में रोबोटिक्स की मांग
चूंकि 21वीं सदी बहुत अधिक प्रौद्योगिकी संचालित है, रोबोटिक्स को एसटीईएम शिक्षा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता है। इस प्रकार, आज की पीढ़ियां कम उम्र से ही विभिन्न तकनीकी उपकरणों के संपर्क में हैं, यह उनके दिमाग में रचनात्मकता एवं उनकी जिज्ञासा को और अधिक संतुष्ट करता है। स्कूल विभिन्न कौशल विकास कार्यक्रम और गतिविधि केंद्र विकसित कर रहे हैं, जो युवा दिमाग को उनकी प्रतिभा और कल्पना को पोषित करने में मददगार साबित होंगे। एक अमूर्त विषय के बारे में बच्चों को अचानक पढ़ाना अक्सर चुनौतीपूर्ण, जटिल और समझने में मुश्किल भरा हो सकता है। थर्ड-पार्टी कंपनियों की मदद से ऐसे स्कूल हैं, जो रोबोटिक्स को तुलनात्मक रूप से समझने में सरल और मूर्त रूप में पेश कर रहे हैं।

रोबोटिक्स के क्षेत्र में स्कोप और कॅरिअर
विकासशील देशों में स्टेम प्रौद्योगिकियों के साथ रोबोटिक्स में तेजी से नए अवसर पैदा होंगे। भविष्य में मैथ्स एवं साइंस के क्षेत्र में आने वाली नौकरियां, एजुकेशन के इस मॉडल से पूर्ण होंगी, क्योंकि परंपरागत इंजीनियरिंग व मैथ्स शिक्षा का मॉडल इसे पूर्ण नहीं कर पाएगा। चूंकि तकनीकी अनुकूलन क्षमता एक आवश्यकता बन गई है और समाज गतिशील प्रौद्योगिकियों के साथ अधिक सहज होता जा रहा है। इसलिए, आगामी प्रौद्योगिकी-आधारित रुझानों के साथ खुद को अप-टू-डेट रखना होगा। सीखने के रोचक अनुभव नई शिक्षा प्रणाली में एक मजबूत नींव विकसित करने में मदद करेंगे। इसके बावजूद, यह तकनीक पर आधारित ज्ञान के उपयोग के साथ छात्रों के लिए समस्या-समाधान कौशल को भी शामिल करेगा।

Leave a comment